Hunar Bolte hai…


परिंदों को मंज़िल मिलेगी यक़ीनन,
ये फैले हुए उनके पर बोलते हैं,
वो लोग रहते हैं खामोश अक्सर,
जमाने में ज़िनके हुनर बोलते हैं…!!